Friday, October 2, 2015

कर्क लग्न फल २०१६

कर्क  लग्न फल २०१६  


वर्ष २०१६ की शुरुआत हो रही है शनि के वृश्चिक में , गुरु सिंह में , राहु - केतु ३१ जनवरी तक अपनी वर्तमान राशियों में रहने के बाद सिंह में राहु का प्रवेश होगा और  कुम्भ में केतु का। आपके जीवन के विभिन आयाम किस तरह से प्रभावित हो सकते हैं तथा आपको क्या उपाय  करने चाहिए और किन तारीखों में आपको बड़े निजी अथवा सामाजिक निर्णय लेने से बचना चाहिए यह सब मैं ज्योतिषीय गणना द्वारा आपके लिए प्रस्तुत कर रहा हूँ। आशा है नववर्ष आपके लिए शुभ रहेगा।
१) पारिवारिक स्थिति : शनि चन्द्रमा का प्रबल शत्रु होता है , ऐसा माना गया है। कर्क लग्न के जातकों की अधिकतर विवाहित स्थिति बहुत सुखद नहीं होती , इसका एक कारन यह भी है। इस वर्ष आपको पारिवारिक मोर्चे पर बहुत सी समस्या आ सकती हैं किन्तु आपके जीवनसाथी के कारन ऐसा नहीं होगा बल्कि अन्य सदस्यो के कारण ऐसा संभव है। आपके जीवनसाथी  के साथ आपकी अच्छी निभेगी। घर के सदस्यों से आपका विवाद बना रहेगा। अगस्त के बाद स्थिति और बिगड़ सकती है। अतः जहां जीवनसाथी के  बात है वो तो  बढ़िया हैं किन्तु कुटुंब  में उतनी अच्छी स्थिति नहीं है। अगस्त के बाद निजी जीवन और अच्छा ही हो जाएगा।

रेटिंग : ३ /५

२) स्वास्थ्य : स्वास्थ्य की दृष्टि से यह वर्ष आपको आँखों , पेट , जाँघों , वात , नसों , आदि की समस्या से रूबरू करवा सकता है। आपको दूषित भोजन का भी शिकार होना पड़ सकता है। आपको अधिकतर आयुर्वेदिक दवाई का ही सेवन करना चाहिए  बहुत ज़रूरी न हो जाये। यदि संभव हो तो नीम पॉवडर १ चम्मच रोज़ गर्म  पानी के साथ पीना चाहिए। इससे आपकी बहुत सारी व्याधियां  दूर हो सकती हैं।

रेटिंग : २/५

३) आर्थिक स्थिति : धन भाव में राहु लम्बे समय  तक रहने वाला है और अगस्त में बृहस्पति भी अगली राशि में प्रवेश कर जाएंगे। अतः इस वर्ष आपको धन के  विषय अतिरिक सावधानियां बरतनी पड़ेंगी। किसी पर भी मुँहबोली बात पर भरोसा करके धन न दें , आपके विरुद्ध षड्यंत्र  की बहुत सम्भावना है। वैसे इस वर्ष आपको धन लाभ तो होना ही है - वह चिंता का  विषय नहीं है - बल्कि आपकी स्वयं की कारगुजारियां  ही आपकी जमा पूँजी नष्ट न करे दें - यह आपको सबसे  पहले सोचना होगा।
रेटिंग : ३/५

४) नौकरी : नौकरी  पेशा लोगों के लिए यह वर्ष निस्संदेह बहुत ही बढ़िया रहने वाला है। षष्ठेश की दृष्टि छठे और दशम दोनों पर रहने वाली है , राहु से युति कुछ सामान्य परेशानियां  खड़ी कर सकती है  किन्तु आप सबको परास्त कर देंगे।  आपका निम्न श्रेणी के कर्मचारियों से विवाद होना बहुत संभव है। नौकरी बदलने अथवा पदोन्नति  के लिए वर्ष बहुत बढ़िया है।

रेटिंग : ४.५ /५

५) व्यवसाय : कर्क लग्न के व्यवसाइयों को भी अच्छा खासा मुनाफा होने वाला है। आपका जो भी व्यवसाय है उसमें आपको मुनाफा , नाम दोनों मिलेगा। आपके प्रतिद्वंदी आपके जैसा प्रदर्शन नहीं कर पाएंगे। किन्तु आपको एक बात का ध्यान रखना है की अहंकार से दूर रहना है और इस समय का सर्वाधिक लाभ लेना है , जिनकी गुरु की महादशा चल रही है उनके लिए अत्युत्तम समय रहने वाला है , अन्य को भी लाभ होगा किन्तु उस मात्रा में नहीं।

रेटिंग : ४.५ / ५

६) प्रेम सम्बन्ध : प्रेम  संबंधों के लिए भी अच्छा समय है। आपको किसी अधिक आयु के जातक से प्रेम हो सकता है। कोई विजातीय जातक से भी आपको प्रेम हो सकता है। किन्तु शनि क्योंकि अष्टम भाव का अधिपति भी है इसलिए बहुत बार आपके प्रेम सम्बन्ध अपने सही अंत तक नहीं पहुँचते और पहले ही इतिश्री हो जाती है। लेकिन अभी आपको यह सब नहीं सोचना है और अपने संबंधों को परवान चढ़ने  देना है।
रेटिंग : ३ /५

७) सेक्स लाइफ : आपके अष्टम भाव में केतु गोचर कर रहा है अतः आपको गुप्तांगों में समस्या पुरुषों को और स्त्रीयों को मासिक धर्म में समस्या बनने के बहुत योग हैं। आपका यह आयाम उतना सुखदायी नहीं होगा , आप - बहुत सम्भावना है की विवाहित साथी के अलावा भी संगम करने का प्रयास करेंगे और इसके चलते कोई रोग  आपको घेर सकता है। आपकी कामेच्छा प्रबल बनी रहेगी और आपको विचलित भी करेगी किन्तु उसकी शांति के लिए गलत मार्ग न ही अपनाएं तो बेहतर है।

८) सावधानी के दिन : १७ अप्रैल से २९ जून  में कोई निवेश आदि करने से बचें। २५ जुलाई से ६ सितम्बर के बीच में अपने मित्रों और अधिकारीयों से व्यवहार यथा  संभव संतुलित रखिये और बड़ी  बातें करने से बचिए। चन्द्रमा जब भी सिंह , धनु , कुम्भ , मिथुन में रहे तो अपना व्यवहार शांत रखिये और त्वरित निर्णय मत लीजिये।

९) उपाय : शनि की जिनकी महादशा चल रही हो उनके लिए हनुमान चालीसा ही श्रेष्ठ है , बृहस्पति की महादशा  में आपको उपवास रखना चाहिए और गुरूवार को किसी ब्राह्मण को कुछ वस्त्र और धन दान करना चहिये। राहु - केतु में से किसीकी महादशा में आपको देवी कवच का पाठ करना है काम से काम दिन में तीन बार।