- बुध वक्री वृषभ राशि में

मेष



वक्री ग्रह विपरीत प्रभाव दे देते हैं। बुध आपके पराक्रम और रिपु भाव का स्वामी है। आपको चाहिए की आप अपने सामाजिक और घरेलू संबंधों में धैर्य तथा संयम बनाये रखें। इस से आपकी ही प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। दूसरों पर अपनी धारणा को थोपिये नहीं। इस से सभी लोगों को तकलीफ होती है और पीठ पीछे बुराई के पात्र बनते हैं। शत्रुओं अथवा वे लोग जिनको आप जानते हैं की वो आपसे ईर्ष्या रखते हैं , उनसे दूर रहना ही सबसे अच्छा है। आपको इस समय में ग़लतफ़हमियाँ होने की बहुत गुंजाइश है अतः जिस से भी बात करें खुल कर हर बिंदु पर करें। हो सकता है की आपके सेल फ़ोन का नेटवर्क बार बार गड़बड़ हो और उसमें इंटरनेट भी धीमा चलने लगे। इस से क्रोधित होने की आवश्यकता नहीं है। ये स्वयमेव कुछ दिन बाद ठीक हो जाएगा। आप मेहनती और अर्जुन की तरह लक्ष्य पर सदा केंद्रित तो रहते ही हैं। इन सब सावधानियों से आपको और अधिक लाभ होगा।

वृषभ



लग्न हमारा पूरा शरीर भी दर्शाता है और मस्तिष्क भी। जब कोई ग्रह लग्न में आके वक्री होता है तो उसका प्रभाव हमारी विचारधारा पर भी पड़ता है। जन्म गत वक्री ग्रह और गोचर के फल अलग होते हैं। आपकी सोच में दूसरों के प्रति थोड़ा अविश्वास आ सकता है। अच्छा होगा की किसी भी तथ्य की पूर्ण जांच स्वयं करें और दूसरों की कहीं बातों पर अधिक ध्यान न दें। आपका मन वैसे तो प्रफुल्लित ही रहेगा किन्तु आपके व्यक्तिगत संबंधों में कुछ कमी आ सकती है। बोलते समय ध्यान रखें, ऐसा न हो की बोलना कुछ हो और मुँह से कुछ और वाक्य निकल जाए। ऐसा होना बहुत संभव है अतः एहतियात भी बहुत आवश्यक है। यदि आपके निजी सम्बन्ध बहुत अधिक हैं तो अपना धैर्य और वाक्य विन्यास नियंत्रण में रखिये। आप जल्दीबाज़ी में किसी अच्छे सौदे को नकार सकते हैं। किसी भी निर्णय को सोचविचार कर ही कार्यान्वित कीजिये।

मिथुन



बुध आपका लग्नेश है। द्वादश भाव में जाने से यह होगा की आपको सामान्य से अधिक प्रयास करने होंगे, वह वक्री भी है अतः आपको अचानक सफलता भी दे सकता है। यह समय यात्राओं के लिए बिलकुल उचित नहीं है क्योंकि इस से आपको धन का व्यय ही अधिक होना है और लाभ कम। यह भी संभव है की जिस उद्देश्य से आप यात्रा पर जाएँ वह महत्वहीन हो जाए या अंतिम समय पर फ़ोन अथवा मेल पर ही समाधान निकल आये। लोगों से हमेशा यह अपेक्षा रखना की वे हमारा साथ देंगे यह उचित नहीं है। आज का समय में बड़ा मुश्किल हो जाता है ऐसी धारणा के साथ जीवन यापन करना। आपको भी मित्रों से इस समय में अधिक आशा नहीं करनी चाहिए। इस समय में किसी से धन लेना भी उचित नहीं है न किसी को धन देना।

कर्क



आपके लग्नेश के लिए बुध प्रबल शत्रुता का भाव रखता है। सबसे अच्छा जीवन वह नहीं होता जिसमें धन का महत्त्व सर्वाधिक हो बल्कि वह होता है जिसमें शांति और संयम की अधिकता हो। ख़र्चे करने ही हैं तो किसी उचित ध्येय पर करना समझ में आता है किन्तु सिर्फ दिखावे और बनावटी जीवन शैली को प्रोत्साहन देने के लिए किये गए व्यय व्यर्थ के ही होते हैं। इनसे आपको बच के रहना चाहिए। अपने साथियों को आप दीजिये भी उतना जितना आप उनसे लेते हैं चाहे वह वक़्त हो या धन या श्रम। तभी कोई भी सम्बन्ध दूर तक चलता है। आप दूसरों के सामने सिर्फ स्वार्थी सिद्ध हो सकते हैं और लोग आपके लिए अपनी ततपरता में कमी कर सकते हैं।

सिंह



बहुत बार ऐसा होता है की हम सोचते कुछ हैं और हो कुछ और जाता है। बड़े बड़े खिलाड़ी नए लोगों से हार जाते हैं। चालाक लोग भी गलती कर बैठते हैं।धन और लाभ का स्वामी वक्री हो जाए तो ऐसा बहुत संभव हो जाता है। आपको चाहिए धन और भविष्य की योजनाओं को लेकर पूर्ण सजग रहें और स्वयं का प्रयास अधिक रखें बजाय दूसरों पर भरोसा करने के। कार्यस्थल पर सभी से वैसे भी मिलजुलकर रहना चाहिए और इस समय में ऐसा करना अधिक प्रभावी रहेगा। आधुनिक कार्यशैली में कोई भी छोटा या बड़ा नहीं होता, सब अपना नियत कार्य करते हैं और वेतन पाते हैं। अहंकार को यथासम्भव दूर रखिये और आयु में अधिक लोगों के प्रति सम्मान का भाव बनाये रखिये भले ही उनका पद आपसे नीचे हो।

कन्या



ईश्वर का ध्यान सदा ही करते रहना चाहिए, ये नहीं की सिर्फ मुश्किल वक़्त में ही उनको परेशान करा जाए। तीर्थ आदि जब संभव हो तब हो आना चाहिए। तीर्थों में जाकर अपनी तामसिकता को पूर्ण तिलांजलि दे देनी चाहिए। इस समय में आपको किसी तीर्थ पे हो आना चाहिए। इसमें घूमना फिरना, परिवार के साथ समय व्यतीत करना तो होगा ही, धन का अपव्यय भी बच जायेगा। दान में दिया धन तो किसी न किसी रूप में लौट के आता ही है। इसे हम खर्च नहीं कह सकते। और लाभ यह भी रहेगा की कोई अनिष्ट जो की बहुत संभव दीखता है इस समय में - उस से आपका बचाव हो जाएगा। जब आप अपने कर्म क्षेत्र में ही नहीं रहेंगे तो कैसा नुक्सान हो सकता है।

तुला



बुध आपका भाग्येश और द्वादशेश है। वक्री ग्रह बहुत बार उलट परिणाम दे देते हैं। अभी तक जो काम आपको लग रहे थे की किसी कारण से नहीं हो पा रहे हैं , वो किसी की सहायता से संभव हो सकते हैं। किसी का पैसा लेके उसको समय पे नहीं देना अच्छी बात नहीं है। इस से सामाजिक प्रतिष्ठा को बहुत आघात पहुँचता है। आपका यदि कोई इस प्रकार का मसला उलझ गया है तो अच्छा होगा की आमने सामने बात कर लें समय सीमा पुनः निर्धारित कर लें और इस और प्रयास करें। इस से आपको यश भी मिलेगा और आपको अपने अंदर शांति का एहसास भी होगा। मन की शांति ही सबसे बड़ी होती है , इस भाग दौड़ भरी जीवन शैली में। पुराने कुछ कर्म आपके अभी आपको सुफल दे सकते हैं। आपको ये ध्यान रखना चाहिए की इस वक़्त कौन आपके लिए सबसे मददगार साबित हो सकता है।

वृश्चिक



जीवन साथी ही हमारे सबसे करीब होता है और वही किसी भी बुरे समय में हमारे काम भी आता है। थोड़ा बहुत विवाद तो सबके साथ लगा ही रहता है, उसका यह मतलब नहीं होता की आपसी प्यार में कमी आ गयी है। फ़ुरसत के क्षणों में दोनों साथ बैठ कर अपनी सारी परेशानियाँ एक दुसरे को बता सकते हैं और अपने शिकवे शिकायत दूर कर सकते हैं। यही इस समय का मूल मन्त्र है। क्रोध से कभी किसी का भला नहीं हुआ और ना कभी होगा। अधिक सोचने दुविधापूर्ण स्थति में बने रहना कोई समाधान नहीं है। जिन दोस्तों को आप सोचते थे की वो किसी काम के नहीं वही हो सकता है की आपके सबसे हितेषी सिद्ध हो जाएँ।

धनु



सप्तम भाव का स्वामी छठे में जाए तो पत्नी के साथ कुछ गंभीर विवाद उत्पन्न कर देता है और यहाँ आपके लिए खुश होने की बात यह है की आप अपने विवाद स्वयं ही सुलझा भी लेंगे।उग्र व्यवहार का कोई साथी नहीं होता और शांति और हंसमुख लोगों के साथ सभी खड़े रहते हैं। बस इसी पर नियंत्रण करते हुए आगे बढ़ते रहिये, सफलता आपके लिए प्रतीक्षा रत है। हम जहां भी हों वहां हमारे बारे में कोई बुराई न हो ये मुमकिन नहीं है क्योंकि सीढ़ी सी बात है की एक आदमी सभी को सामान रूप से खुश नहीं रख सकता। लेकिन दफ्तर हो या व्यवसाय, जहां तक हो सके सभी से सम्बन्ध अच्छे रखने चाहिए और किसी की भी पीठ पीछे बुराई न तो करनी चाहिए और न सुननी चाहिए। अपने को लक्ष्य केंद्रित रखते हुए आगे बढ़िए।

मकर



जीवन में हास परिहास, हंसना बोलना सदैव चलते रहना चाहिए। ऐसा नहीं की अपने मन में ही बातों को सोचते हुए घुलते रहे और किसी को पता भी न चले। इस से आपके स्वास्थ और कामकाज दोनों पर ही बुरा प्रभाव पड़ेगा और आपको अंत में सिर्फ आपको ही इसका ख़ामियाज़ा भुगतना पड़ेगा। हाँ यह ज़रूर है की किसी भी बात की अधिकता न होने पाये अन्यथा जीवन के दूसरे आयामों में कमी आएगी। प्रेमिका को मना लीजिये, कहीं घूम फिर आइये और आपकी परेशानी भी बता दीजिये जिस से कोई दुविधा न बनी रहे। थोड़ा ध्यान प्राणायम भी करते रहना चाहिए। 10 - 15 मिनिट दिन के आपके लिए बहुत लम्बे समय तक काम आएंगे।

कुम्भ



आप कभी तो बहुत ही वाचाल हो जाते हैं और कभी अपने आप में ही डूबे रहते हैं। इस से आपको सही तरह से समझ पाना सभी के लिए आसान नहीं होता। खुल कर बोलना चाहिए और अपनी बात पूरी की पूरी, यह नहीं की आधी बात बोल दी और सोच लिए की बाकी लो अपने आप समझ लेंगे, बोलिए और किसी को कोई संशय हो तो उसे भी दूर कीजिये। इस समय में आपको इस बात पर विशेष ध्यान रखना है। ज़िद्दी स्वभाव से कुछ मिलता नहीं है, उलटे जो लोग आपके लिए अच्छा सोचते हैं वह भी आपसे दूर होने लगते हैं। किसी से बात करें ईमेल करें तो ध्यान रखें की आपका संदेश सामने वाले को वही समझ में आये जो आपके मन में है। कोई बड़े निर्णय कभी जल्दी में नहीं चाहिए, बड़े बुज़र्गों ने यही सिखाया है - इसपर अमल कीजिये।

मीन



बुध मूलतः सम्प्रेषण संवाद बातचीत का ग्रह है। वैसे तो एक ग्रह से बहुत सी बातें देखी जाती हैं मगर आधुनिक परिप्रेक्ष्य में इसका सबसे ज़्यादा अधिकार इन्हीं बातों में रहता है। कोई घूमने फिरने की योजना बनाने से पहले उस जगह के बारे में वरतमान स्थिति ज़रूर मालूम कर लीजिये, ऐसा न हो की जहाँ आप जाना चाह रहे हैं वहां पहुँच कर आपको निराशा ही हाथ लगे। पत्नी के साथ ज़रूर कहीं तफरी करके आइये, जब दो लोग एकदम अकेले रहते हैं तो बहुत सारी बातें अपने आप ही खत्म हो जाती हैं। आखिर जीवन भर साथ रहना है तो मनमुटाव को बीच में आने ही क्यों दिया जाए। परिवार के लोग आपको अन्यथा न समझने लगें इसलिए सबकी कामना को पूरा करते रहना चाहिए। बस बड़े समझौते को फिलहाल प्रणाम कह दीजिये।

Aries





Retrograde planets lead to unfavorable results. Mercury is the lord of your third and sixth house. You should be calm and patient regarding your social and domestic life. This will raise your reputation. Don’t force your opinions on others, as it creates problems for others and they talk against you behind your back. Stay away from your enemies and those who envy you. Misunderstandings are possible; hence, talk clearly and openly. Your phone’s network might not work properly or speed of its internet gets slow. Don’t lose your calm due to this, as it will itself get fine in few days. You are hard working and always focused on your target. All this precautions will help you.

Taurus





Ascendant signifies our body and brain. When any planet retrogrades after coming in ascendant, it affects our thoughts. Retrograde planet at the time of birth and transit have different impacts. Your level of trust on others might decrease. It would be good to investigate all the facts yourself and don’t over think about what others say. Though you will feel happy, but your personal bonds might get affected. Think before you speak, else misunderstanding might crop up. This is extremely possible; hence, be very careful. If your personal relations are too many, you need to be very patient along with a politeness in your talk. You might ignore any good deal in hurry. Think carefully before implementing any decision.

Gemini





Mercury is your ascendant lord. Positioning of it in twelfth house will make you put more efforts than usual. As it is retrograde, it might bestow you with unexpected success as well. This time is not good for journeys because it will only waste money rather than giving profits. It is also possible that your purpose of going on a journey turns useless. You might also get its solution over phone or mail. Expecting others to support us always is not good. Don’t expect much from your friends at this time. Neither give money to anyone nor take it from anyone.

Cancer





Mercury has inimical feelings for your ascendant lord. Life is not best when you have immense wealth, but when you have peace and calm. If you have to spend, spend it on the right thing. Spending money just to show off a fake life style is useless. Avoid such things. Give your friends and colleagues what you take from them, be it time, money or anything. This is the only way to keep your relations alive. You might appear selfish to all and they might take less interest in you.

Leo





Many times things happen exactly opposite to what we think. Experts lose to freshers and clever people commit mistakes. When lord of second and eleventh house retrogrades, such things happen a lot. You should stay alert regarding money and future plans. It would be good to rely on your own efforts rather than depending on others. It is good to be in sync with all at workplace and doing so will prove helpful in this time. Nobody is junior or senior, everybody does their work and get paid accordingly. Keep ego away and have respect for elders, no matter even if they are your juniors.

Virgo





You should always remember god and not only at times of trouble. It is good to go on pilgrimage whenever possible. Pacify negative thought by visiting religious places. You should go on pilgrimage this time. Not only it will let you enjoy fun and laughter with families, but will save your money too. Money given in charity comes back in any form. Hence, it should not be termed as ‘expense’. Doing so will save you from any mishappening, which is very much possible at this time. Harm is not possible if you are not at workplace.

Libra





Mercury is lord of your ninth and twelfth house. Retrograde planets give unfavorable results many times. Works which were incomplete till now will get accomplished with support of someone. Taking someone’s money and not returning it on time is not good. It affects social reputation. If you are stuck with any such issue, sort it out on time. This will provide you fame and inner peace. Mental peace is the biggest thing in today’s busy lifestyle. Your old deeds might bestow you with auspicious results. You have to keep in mind as who can help you the most during this time.

Scorpio




Life partner is the closest person we have and he/she stands with us in tough times. Normal arguments are part of every couples life, but it does not means that mutual love is declining. You can sit with your partner in free time and sort out everything by discussing your problems. This should be your Mantra for this time. Anger never helps not it will ever. Friends who are useless according to you, might actually prove your well wishers.

Sagittarius





Lord of seventh house when moves in sixth house, serious conflicts pop up with wife. However, you will sort out the argument yourself. Nobody stands with aggressive people and everyone supports jolly & polite people. Keep this thing in mind and success will await you. It is not possible to please everyone and hence, back bitching is quite normal. Whether its office or business, we should neither talk against others nor listen to it. Keep your focus on target and move forward.

Capricorn





HLaughter, humor, and health conversations need to go forever in life. Keeping things within yourself and hurting yourself is not good. It will affect your health and work; thereby, giving problems to you only. Make sure nothing goes beyond limit in your life, as it will affect other aspects of your life. Please your lover, go somewhere together and tell your problem to keep misunderstanding away. Practice Pranayama. These 10-15 minutes will help you in long run.

Aquarius





You might turn talkative at times and remain quite other times. Your this attitude make it difficult for others to understand you. Be clear about whatever you say and don’t assume others to understand the other half. If there is any misunderstanding or doubt, resolve it as well. Keep this thing in mind at this time. Stubborn attitude give nothing. Even those who think good about you also go away from you. While mailing someone or talking to someone, make sure they understand what you want them to. Don’t take any major decision in hurry.

Pisces




Mercury is the planet of communication. Though a lot of things are decided by one planet, but Mercury remain mostly involved in this field only. If you are planning to go somewhere, investigate properly about it, as your trip might turn useless. Go somewhere with your wife, as spending alone time will sort out all differences. To keep family members in favor, fulfil their wishes. Avoid major deals.