Friday, April 4, 2014

लोकसभा चुनाव २०१४ – उमा भारती झाँसी


चुनावी बुखार सारे देश में फ़ैल चूका है , हर दल अपना हर संभव प्रयास कर रहा है जिससे वह अपनी सीट बचा सके.मैंने भी कृष्णामूर्ति पद्धति द्वारा यह जानने का प्रयास करा है की कौन सा प्रत्याशी जीतेगा और कौन हारेगा. उमा भारती  भाजापा की  प्रत्याशी हैं ,आइये देखते हैं ये कुंडली क्या कहती है, इसके लिए मैंने के पी क्रमांक २४७ चुना है   

जीत के लिए नियम : यदि छठे भाव का उपनक्षत्र  स्वामी ६,१०,११ में से किसी का कार्येष गृह है तो व्यक्ति जीत सकता है अन्यथा यदि वह गृह ४,५,१२ का कार्येष है तो वह हार जाता है. यदि वह दोनों प्रकार के भावों को सामान रूप से दर्शाता है तो महादशा अंतर और प्रत्यंतर स्वामी किन भाव के कार्येष हैं ये देखना चहिये
छठे भाव का उपनक्षत्र  स्वामी सूर्य द्वादश भाव में है किन्तु यह शुक्र के  उपनक्षत्र   में स्थित जो लाभ भाव में  है. शुक्र  एकादश का कार्येष भे है.
११वे भाव का उपनक्षत्र  स्वामी गुरु तृतीय  भाव में है और सूर्य  के उपनक्षत्र  में है जो द्वादश    में स्थित है .
इस समय चंद्रमा द्वितीय भाव में है और गुरु के  उपनक्षत्र में है जो तृतीय भाव में है .

निष्कर्ष : यह उमा भारती जीत जायेंगी .